अजब संयोग का रहस्य है मौनी अमावस्या में

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गीतांजलि पोस्ट……..(पंडित खगेन्द्र दाधीच)आज के दिन मौनी अमावस्या है। ज्योतिषशास्त्रों के अनुसार आज का दिन बहुत ही खास है क्योंकि इस दिन एक संयोग भी बन रहा है। मौनी अम्वस्या के दिन सुबह बिना कुछ भी बोले स्नान करना होता है। कहते हैं इसदिन मौन रहने से पुण्य लौककी प्राप्त होती है। माघ के महीने में मंगलवार के दिन मौनी अमावस्या का होना इसलिए भी शुभ माना जारहा है कि इससे भौमवती अमावस्या का भी संयोग बन गया है। इससे मंगल से संबंधित ग्रह दोषों को भी दूर किया जा सकता है।कहा जाता है कि इस दिन भगवान मनु का जन्म हुआ था।कार्तिक के महीने की तरह माघ मास को भी बहुत फलदायकमाना गया है। माघ अमावस्या के दौरान पवित्रसंगम में स्नान का विशेष फल मिलता है। ऐसी मान्यता है कि इस दिन जब सागर मंथन से भगवान धन्वन्तरि अमृत कलश लेकर निकले तो देवताओं और राक्षसों की लड़ाई में अमृत कलश से अमृत की बूंदे संगम में गिर गई। 2/2शुभ मुहूर्तइस तिथि पर भगवान विष्णु और भगवान शिव दोनों की पूजा का विधान है। इस दिन भगवान विष्णु के मंदिर में झंडा लगाएं। भगवान शनि पर तेल अर्पित करें। काला तिल, काली उड़द, काला कपड़ा दान करें। शिवलिंग पर काला तिल, दूध और जल अर्पित करें। हनुमान चालीसा का पाठ करें।