समाजसेवी श्वेता जाजू ने कराया 10 बाल श्रमिकों को मुक्त

0
94

गीतांजलि पोस्ट…….(विनय शर्मा) जयपुर:- राजस्थान की राजधानी जयपुर के भट्टाबस्ती थाना इलाके में स्थित चूड़ी कारखाने से करीब 10 बाल श्रमिकों को मुक्त करवाया गया है। मुक्त करवाए गए सभी बच्चों की उम्र 8 से 11 साल के बीच बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार करीब 90 फीसदी बच्चे बिहार के हैं। बच्चों को मुक्त करवाने वाली सामाजिक कार्यकर्ता ने चूड़ी कारखाने के संचालक के खिलाफ मामला दर्ज करवाया है। पुलिस की दबिश के बाद आरोपी कारखाना संचालक मौके से फरार हो गया है।

मामले की जानकारी देते हुए सामाजिक कार्यकर्ता श्वेता जाजू ने बताया कि कारखाने से एक बाल मजदूर भागने में सफल हो गया था। बच्चे के आस-पास के लोगों से उसे घर पहुंचाने का आग्रह किया, जिसके बाद लोगों ने इसकी सूचना श्वेता जाजू के एनजीओ को दी। बच्चे की निशानदेही पर पुलिस के साथ मिलकर चूड़ी कारखाने पर दबिश दी गई, जहां से 10 नाबालिगों को छुड़वाया गया। मुक्त करवाए गए बच्चों में एक बच्चा दिव्यांग है।

जाजू के अनुसार 8 से 11 साल के इन बच्चों को बिहार से यहां लाया गया था और सभी से सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक चुड़ी और आरा-तारा का काम करवाया जाता था। बताया जा रहा है कि इन बाल मजदूरों से काम करवाने के लिए कारखाना संचालक इन्हें पाइप और डंडों से मारता था। बच्चों ने रोते-रोते अपनी कहानी पुलिस और मीडिया को बताई है।

इस पूरे मामले में जयपुर पुलिस कमिश्नरेट के भट्टाबस्ती थाना पुलिस पर भी सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं। मामले में श्वेता जाजू का कहना है कि पुलिस द्वारा बरामद किए गए सभी बच्चे चूड़ी कारखाने में काम नहीं करते हैं। उन्होंने पुलिस पर मिलीभगत का आरोप लगाया और मामले में आरोपी संचालक के खिलाफ परिवाद दर्ज करवाया है।